उत्तराखंड के IPS प्रह्लाद नारायण मीणा को केंद्र में बड़ी जिम्मेदारी, WCCB में बने उप निदेशक
22 Aug, 2026
by Admin
देहरादून। उत्तराखंड कैडर के वर्ष 2012 बैच के आईपीएस अधिकारी प्रह्लाद नारायण मीणा को केंद्र सरकार में महत्वपूर्ण जिम्मेदारी सौंपी गई है। उन्हें वन्यजीव अपराध नियंत्रण ब्यूरो (Wildlife Crime Control Bureau-WCCB) में उप निदेशक (इंटेलिजेंस एंड कोऑर्डिनेशन) के पद पर नियुक्त किया गया है।
भारत सरकार के गृह मंत्रालय द्वारा 20 अगस्त 2026 को जारी आदेश के अनुसार, प्रह्लाद नारायण मीणा की नियुक्ति पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय (MoEF&CC) की नॉन-सेंट्रल स्टाफिंग स्कीम के तहत प्रतिनियुक्ति पर की गई है।
पांच साल का होगा कार्यकाल
आधिकारिक आदेश के मुताबिक, आईपीएस अधिकारी प्रह्लाद नारायण मीणा का कार्यकाल पदभार ग्रहण करने की तिथि से पांच वर्ष का होगा। हालांकि, यदि सरकार की ओर से इससे पहले कोई अन्य आदेश जारी किया जाता है तो कार्यकाल उसी के अनुसार प्रभावी होगा।
गृह मंत्रालय ने उत्तराखंड सरकार से उन्हें तत्काल कार्यमुक्त करने का अनुरोध किया है, ताकि वह केंद्र में अपनी नई जिम्मेदारी संभाल सकें।
7वें वेतन आयोग के लेवल-13 का पद
उन्हें WCCB में उप निदेशक (इंटेलिजेंस एंड कोऑर्डिनेशन) के पद पर नियुक्त किया गया है, जो 7वें केंद्रीय वेतन आयोग के पे मैट्रिक्स में लेवल-13 का पद है। यह पद भारतीय पुलिस सेवा के अधिकारियों के लिए निर्धारित है।
इससे पहले पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय ने 12 अगस्त 2026 को कार्यालय ज्ञापन जारी कर सक्षम प्राधिकारी से उनकी नियुक्ति को मंजूरी मिलने की जानकारी दी थी। इसके बाद गृह मंत्रालय ने 20 अगस्त को उत्तराखंड सरकार को आदेश भेजकर उन्हें नई जिम्मेदारी संभालने के लिए तत्काल कार्यमुक्त करने की प्रक्रिया शुरू की।
WCCB
वन्यजीव अपराध नियंत्रण ब्यूरो (WCCB) देश में वन्यजीवों और उनसे जुड़े संगठित अपराधों की रोकथाम के लिए काम करने वाली केंद्रीय एजेंसी है। यह एजेंसी वन्यजीवों की अवैध तस्करी और अन्य वन्यजीव अपराधों से जुड़ी सूचनाएं एकत्र करने के साथ विभिन्न राज्यों और जांच एजेंसियों के बीच समन्वय स्थापित करती है।
प्रह्लाद नारायण मीणा अब इंटेलिजेंस एंड कोऑर्डिनेशन से जुड़े महत्वपूर्ण कार्यों की जिम्मेदारी संभालेंगे। उनकी नियुक्ति को उत्तराखंड कैडर के एक आईपीएस अधिकारी को केंद्र में मिली अहम जिम्मेदारी के रूप में देखा जा रहा है।